बिगड़ी व्यवस्था : “दिल्ली में महिला को नग्न कर कराया परेड, अवैध शराब का किया था विरोध”

0
50


पुलिस के मुताबिक नरेला की जेजे क्लस्टर की रहने वाली प्रवीन इलाके में शराब की गैरकानूनी बिक्री का विरोध कर रही थी। आईपीसी की धारा 323, 342, 354, 354बी, 506 और 34 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की तलाश जारी है।

नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। नरेला में रहने वाली 33 साल की एक महिला की भीड़ ने लोहे की रॉड से बुरी तरह पिटाई की और उसके कपड़े भी फाड़ दिए।

राजधानी दिल्ली एक बार फिर शर्मशार हुई है. मामला दिल्ली के नरेला इलाके का है. यहां अवैध शराब बिक्री के खिलाफ मुहिम चला रही एक महिला के कपड़े फाड़ कर उसे नंगा किया गया और फिर सरेराह डेढ़ किलोमीटर तक घुमाया गया. इस मामले में दिल्ली महिला आयोग ने डीसीपी को समन भेजा है.

महिला के आरोपों के मुताबिक उसके साथ मारपीट की गई और उसे निर्वस्त्र करके घुमाया गया. महिला ने बताया, ‘’वो मुझे रोड पर मारते रहे. मैं कछ नहीं बोली. मैंने सिर्फ यही कहा कि मैंने नशे के खिलाफ आवाज उठाई है. नशा बंद होना चाहिए. हमारी कॉलोनी में खुला नशा बिकता है. वो भी पुलिस बूथ के सामने. कोई बोलता नहीं है और मैंने बोला तो उसकी मुझे सजा दी है.’’

दिल्ली महिला आयोग के साथ मिलकर महिला इलाके के अवैध शराब बेचने के खिलाफ काम कर रही थी. आरोप के मुताबिक छह दिसंबर की रात डीसीडब्लू की अध्यक्ष स्वाती मालीवाल इलाके में अपनी टीम के साथ पहुची थी और छापेमारी की.

महिला आयोग ने एक शराब माफिया महिला के घर से 350 पेटी अवैध शराब भी ज़ब्त की थी. जिसके बाद आज सुबह इलाके की कुछ महिलाओं ने मिलकर उसे घर से निकाला मारा पीटा और कपड़े फाड़ दिए. पुलिस ने इस मामले में एफआईआर दर्ज कर ली है और दो महिलाओं को हिरासत में लिया है, जिनसे पूछाताछ जारी है.

वहीं, पुलिस का यह भी कहना है, ‘’महिला को निर्वस्त्र करके घुमाने का आरोप गलत है. आरोपी और पीड़ित पड़ोस में ही रहने वाले हैं. पिटाई करने वालों में कोई पुरुष शामिल नहीं था. गंभीर चोट आने के बाद महिला को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज चल रहा है. राजधानी दिल्ली में हुई इस वारदात ने दिल्ली पुलिस और उसके काम करने के तरीकों को सवालों के कटघरे में खड़ा कर दिया है.

महिला की गलती सिर्फ यह थी कि वह दिल्ली महिला आयोग (डीसीडब्ल्यू) की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल की अगुआई वाली टीम के साथ बुधवार रात एक घर में शराब की छापेमारी करने चली गई थी। पुलिस के मुताबिक नरेला की जेजे क्लस्टर की रहने वाली प्रवीन इलाके में शराब की गैरकानूनी बिक्री का विरोध कर रही थी।

बुधवार रात डीसीडब्ल्यू चीफ स्वाति मालीवाल और उनकी टीम ने ‘फाइट द फीयर’ नाम के कैंपेन के तहत रात को नरेला में छापेमारी की। प्रवीन उन्हें नरेला पॉकेट 11 के एक घर में ले गई, जो आशा और राकेश का है। यहां से 350 शराब की बोतलें बरामद की गईं।

पुलिस ने दंपति के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया। रोहिणी के डीसीपी रजनीश गुप्ता ने बताया, ”गुरुवार दोपहर को आशा समेत कई लोगों ने प्रवीन पर हमला कर दिया। उसका शारीरिक परीक्षण कराया गया है और आईपीसी की धारा 323, 342, 354, 354बी, 506 और 34 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है।

आरोपियों की तलाश जारी है। उन्होंने कहा कि प्रवीन को गंभीर चोटें आई हैं, लेकिन फ्रैक्चर नहीं है। उन्होंने इस बात से इनकार किया कि उसे नग्न कर परेड कराई गई। साथ ही कहा कि जब पिटाई की गई तो उसके कपड़े कई जगहों से फट गए। लेकिन मालीवाल का कहना है कि गुरुवार को सुबह 11 बजे प्रवीन को उसके घर से बाहर निकालकर लोहे की छड़ों से पीटा गया। उसके कपड़े फाड़ दिए गए और नग्न कर परेड कराई गई।

डीसीडब्ल्यू के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने ट्वीट कर कहा, ”यह बेहद शर्मनाक है कि एेसी घटना राजधानी में हुई। मैं एलजी से गुजारिश करता हूं कि मामले में हस्तक्षेप कर स्थानीय पुलिसवालों पर कार्रवाई करें”। वहीं एलएनजेपी अस्पताल में भर्ती प्रवीन ने कहा, ”हमारी कॉलोनी में शराब खुलेआम बिकती है। कोई इसके खिलाफ आवाज नहीं उठाता। जब मैंने एेसा करने की कोशिश की तो उन्होंने मुझे यह सजा दी। प्रवीन के मुताबिक आरोपियों ने यह भी कहा कि वे स्वाति मालीवाल के घर जाकर उन्हें भी नग्न कर परेड कराएंगे।


Facebook Comments

NO COMMENTS